वन विभाग की एप से जान सकेंगे किस नर्सरी में कोनसा पौधा है उपलब्ध, घर बैठे जानिये कितने रूपये का कौनसा पौधा,

43

वन विभाग की नर्सरियों के अब नहीं काटने पड़ेंगे चक्कर, ऐप के माध्यम से घर बैठे जान सकेंगे पूरे राज्य की किस नर्सरी में कौनसा पौधा, कितनी संख्या और किस दर पर है उपलब्ध

हनुमानगढ़, 12 जून। वन विभाग की पौधशालाओं में पौधों की उपलब्धता की जानकारी को लेकर अब लोगों को नर्सरियों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। वन विभाग ने एक मोबाइल ऐप तैयार किया है जिसके माध्यम से आमजन को ये जानकारी मिल सकेगी कि वन विभाग की राज्य भर में जिलेवाइज कितनी नर्सरियां ( पौधशालाएं) हैं पौधशालाएं हैं और किस पौधशाला में कौनसा पौधा, कितनी संख्या में और किस दर पर उपलब्ध है। लिहाजा नर्सरी का कर्मचारी भी उपलब्ध पौधे को देने से इनकार नहीं कर सकेगा। सहायक वन सरंक्षक श्री दिलीप सिंह राठौड़ ने बताया कि वन विभाग द्वारा तैयार किए गए मोबाइल एप- एफएमडीएसएस (FMDSS) को गूगल प्ले स्टोर से सीधे डाउनलोड किया जा सकता है। फिर अपनी स्वयं की एसएसओ आईडी तैयार कर इस ऐप के माध्यम से राज्य की वन विभाग की सभी नर्सरियों में उपलब्ध पौधों की जानकारी ली जा सकेगी। अब कोई भी व्यक्ति घर बैठे यह जान सकता है कि उसकी आवश्यकता के पौधे किस नर्सरी में कितनी संख्या में किस दर पर उपलब्ध है।

लोगों को अनावश्यक रूप से पौधशालाओं के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे।
श्री राठौड ने बताया कि हनुमानगढ़ जिले में कुल 15 नर्सरी में 90 हजार पौधे हैं। सभी नर्सरियों में उपलब्ध पौधों की पूरी जानकारी एप पर डाली जा चुकी है। वहीं राज्य भर की करीब 80 फीसदी नर्सरियों की जानकारी एप पर अपलोड कर दी गई है। अभी ये मोबाइल एप शुरू नहीं हुआ है लेकिन जल्द ही वन विभाग पूरे राजस्थान की नर्सरियों में उपलब्ध पौधों को इस ऐप के माध्यम से ऑनलाइन कर देगा। हनुमानगढ़ जिले में एप में अपलोड की जाने वाली जानकारी को लेकर नर्सरी के संबंधित कर्मचारियों को ट्रेनिंग दी जा चुकी है।

हनुमानगढ़ जिले में कुल 15 पौधशाला- सहायक वन संरक्षक श्री दिलीप सिंह राठौड़ ने बताया कि हनुमानगढ़ जिले में वन विभाग की कुल 15 पौधशाला है।जिसमें भादरा तहसील में कुल 3 भादरा शहर, अजीतपुरा और डूगंराना में, नोहर में कुल 2 रामगढ़ और थालड़का में, टिब्बी में एक मसीतावाली हैड पर, संगरिया में 1 संगरिया शहर में, हनुमानगढ़ में कुल 3 है जिसमें 128 आरडी सादुल ब्रांच, सादुलशहर रोड़ वन मंडल कार्यालय औऱ कोहला में, रावतसर में भी तीन नर्सरी पल्लू, साहवा लिफ्ट नहर पर 4 किलोमीटर और 10 किलोमीटर पर स्थापित नर्सरी, पीलीबंगा में कुल 2 नर्सरी है जो 18 एसपीडी और दौलतांवाली में स्थापित है।

1 जुलाई से प्रारंभ होगा पौध वितरण -सहायक वन संरक्षक श्री दिलीप सिंह राठौड़ ने बताया कि राज्य भर में वन विभाग की सरकारी पौधशालाओं से आमजन को पौध वितरण 1 जुलाई से प्रारंभ किया जाएगा। यदि पर्याप्त वर्षा पहले शुरू हो जाती है तो विभाग स्तर पर पौध वितरण का कार्य 1 जुलाई से पहले भी शुरू किया जा सकता है।

एसीएफ श्री राठौड़ बताते हैं कि इस बार वन विभाग के द्वारा नर्सरियों से पौध वितरण में खास बात ये होगी कि प्रतिदिन वितरित होने वाले पौधों की संख्या इस ऐप के जरिए प्रतिदिन ऑनलाइन की जाएगी और वितरित होने के बाद नर्सरी में शेष रहे पौधों की संख्या भी ऐप पर प्रदर्शित होगी। इससे आमजन को नर्सरी में उपलब्ध पौधों की सही और सटीक जानकारी घर बैठे मिल सकेगी और उसे पौधों की उपलब्धता के बारे में जानकारी लेने के लिए अनावश्यक रूप से नर्सरियों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे और नर्सरी में उपलब्ध पौधे को वन विभाग का कर्मचारी देने से मना भी नहीं कर सकेगा। इससे विभाग के कार्यों में पारदर्शिता भी आएगी।

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें